उत्तराखण्ड
28 जून 2026
दधीचि अंगदान संकल्प अभियान कार्यक्रम में केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा और उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने की शिरकत
हरिद्वार। देव संस्कृति विश्वविद्यालय हरिद्वार में दधीचि अंगदान संकल्प अभियान कार्यक्रम में केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा और उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शिरकत की. इस कार्यक्रम में शामिल हुए हजारों लोगों ने एक साथ अंगदान का संकल्प लिया. इस कार्यक्रम में केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री जेपी नड्डा ने अंगदान को मानव सेवा का सर्वाेच्च कार्य बताया.
उन्होंने कहा कि इसके माध्यम से जरूरतमंद मरीजों को नया जीवन मिल सकता है. देश के 26 राज्यों में अंगदान का अभियान चलाया जाना है. अंगदान वैज्ञानिक और आध्यात्मिक दोनों दृष्टिकोणों से महत्वपूर्ण है. कार्यक्रम में शामिल हुए उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सनातन परंपरा का जिक्र करते हुए महर्षि दधीचि और राजा शिवि के त्याग को याद किया.
उन्होंने कहा कि भारतीय संस्कृति में परोपकार के लिए सर्वस्व अर्पित करना ही सर्वाेच्च धर्म है. उन्होंने बताया कि दून मेडिकल कॉलेज में राज्य के पहले किडनी ट्रांसप्लांट केंद्र का निर्माण कराया जा रहा है. दून मेडिकल कॉलेज में ही बोन बैंक की स्थापना भी की है. राज्य सरकार का प्रयास है कि राज्य में नए-नए आयाम स्थापित किए जाएं ताकि जरूरतमंद व्यक्ति को बेहतर इलाज मिल सके.
जेपी नड्डा देव संस्कृति विश्वविद्यालय के मृत्युंजय सभागार में शांतिकुंज गायत्री परिवार की ओर से आयोजित दधीचि अंगदान संकल्प अभियान कार्यक्रम में केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा ने बतौर मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत की. मंच से अपने संबोधन में नड्डा ने कहा कि यह खुशी का विषय है कि गायत्री परिवार ने देहदान के कार्यक्रम को आंदोलन के रूप में लिया है, निश्चित रूप से इसके लिए पूरा गायत्री परिवार बधाई का पात्र है. गायत्री परिवार आध्यात्मिक जागृति के साथ मनुष्य, समाज और राष्ट्र के पुनर्जागरण के लिए समर्पित है.
जेपी नड्डा ने कहा कि उन्हें विश्वास है कि आने वाले समय में जनजागृति की ज्योति अब ज्वाला बनेगी. केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री के रूप में जेपी नड्डा ने गायत्री परिवार को विश्वास दिया कि यह देहदान व्यर्थ नहीं जाएगा. इसका सम्पूर्ण उपयोग हमारा स्वास्थ्य विभाग करेगा. निश्चित रूप से यह समाज को नई दृष्टि और दिशा देने के साथ ही मानव को नया जीवन देने का काम करेगा,जो लाखों लोग महत्वपूर्ण अंगों की कमी के कारण परेशान हैं, निश्चित रूप से उन्हें इसका सीधा लाभ मिलेगा. उन्हें नया जीवन प्रदान करेगा और समाज को भी नई ऊंचाइयों तक लेकर जाएगा.
उन्होंमने कहा कि सरकार भी अंगदान को प्रोत्साहित कर रही है. सरकार ने अंगदान कार्यक्रम की टोटल फंडिंग अपने पास रखी है. पीएम मोदी ने आयुष्मान भारत योजना में किडनी, हार्ट और लंग्स डोनेशन की व्यवस्था रखी गई है. आज देश में बीस हजार से ज्यादा अंगदान देश में प्रतिवर्ष हो रहे हैं. साथ ही देश में अंगदान की घोषणा करने वाले लोगों की संख्या भी पांच लाख से पार पहुंच गई है.
उन्होंने बताया कि अंगदान में दो आध्यात्मिक और वैज्ञानिक विषय आते हैं. विश्वास दिलाना चाहते हैं कि गायत्री परिवार का यह देहदान का संकल्प कभी भी अनुपयोगी नहीं होगा, स्वास्थ्य विभाग संपूर्ण मानवता के लिए इसका उपयोग करेगा. साथ ही जेपी नड्डा ने गायत्री परिवार ने नशामुक्ति अभियान की भी सराहना की और कहा कि इस परिवार ने जो नशामुक्ति का संकल्प लिया है, वह भी बहुत आवश्यक है
