उत्तराखण्ड
10 मई 2026
साइबर अपराधियों को पकड़ने पहुंची पुलिस पर हमला
रुद्रपुर। दिनेशपुर क्षेत्र में साइबर अपराधियों को पकड़ने पहुंची हरियाणा पुलिस और स्थानीय पुलिस टीम पर आरोपियों ने जानलेवा हमला कर दिया. पुलिस टीम पर हमला इतना खतरनाक था कि एक दरोगा को कार के बोनट पर घसीटते हुए काफी दूर तक ले जाया गया और बाद में सड़क पर फेंक दिया गया. इस घटना के बाद पुलिस महकमे में हड़कंप मचा हुआ है और आरोपियों की तलाश में लगातार दबिश दी जा रही है.
उधम सिंह नगर जिले के दिनेशपुर थाना क्षेत्र का है. जानकारी के अनुसार हरियाणा में दर्ज साइबर अपराध के एक मामले की जांच करते हुए हरियाणा पुलिस की साइबर टीम दिनेशपुर पहुंची थी. साइबर ठगी के तार दिनेशपुर क्षेत्र से जुड़े पाए गए थे, जिसके बाद हरियाणा पुलिस ने स्थानीय पुलिस के सहयोग से संदिग्धों के घर पर दबिश दी.एफआईआर में दर्ज जानकारी के मुताबिक, हरियाणा पुलिस के एएसआई प्रेम कुमार अपनी टीम के साथ आरोपियों की तलाश में पहुंचे थे. पुलिस टीम जब संदिग्ध भारत नामक युवक के घर पहुंची, तो वहां मौजूद लोगों ने पहले पुलिस को गुमराह करने की कोशिश की.
इसी दौरान कुछ युवक मौके पर इकट्ठा हो गए और माहौल तनावपूर्ण हो गया. बताया जा रहा है कि तभी एक कार मौके पर पहुंची, जिसमें आरोपी सवार थे. हरियाणा पुलिस के एएसआई ने जब वाहन को रोकने का प्रयास किया, तो चालक ने गाड़ी रोकने के बजाय तेज रफ्तार में दौड़ा दी. एएसआई प्रेम कुमार खुद को बचाने के लिए वाहन के बोनट को पकड़कर लटक गए, लेकिन आरोपियों ने रफ्तार और बढ़ा दी. प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, दरोगा को करीब चार से पांच किलोमीटर तक बोनट पर घसीटा गया. इस दौरान आरोपियों ने दरोगा के साथ मारपीट भी की और उन्हें धमकियां दी. बाद में चलती गाड़ी से उन्हें नीचे फेंक दिया गया, जिससे वे गंभीर रूप से घायल हो गए. घायल पुलिसकर्मी को तुरंत उपचार के लिए अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उनका इलाज जारी है.घटना के बाद पूरे इलाके में दहशत का माहौल है.
पुलिस ने इस मामले को बेहद गंभीरता से लिया है. दिनेशपुर थाना प्रभारी निरीक्षक रविंद्र बिष्ट ने बताया कि हरियाणा पुलिस के साथ हुई इस घटना को लेकर विभिन्न धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है और मामले की विवेचना की जा रही है. उन्होंने कहा कि आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार दबिश दी जा रही है और जल्द ही सख्त कार्रवाई की जाएगी. साथ ही आसपास के लगे सीसीटीवी फुटेज भी खंगाले जा रहे हैं आरोपियों की पहचान की जा रही है. एफआईआर के अनुसार आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है. पुलिस का मानना है कि साइबर अपराधियों का यह नेटवर्क काफी सक्रिय और संगठित है.
जिस तरह से पुलिस टीम पर हमला किया गया, उसने कानून व्यवस्था पर भी गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं. यह घटना केवल एक पुलिस अधिकारी पर हमला नहीं, बल्कि पूरे कानून व्यवस्था तंत्र को खुली चुनौती मानी जा रही है. अब सभी की नजर पुलिस कार्रवाई पर टिकी है कि आखिर कब तक इन हमलावरों को गिरफ्तार कर कानून के शिकंजे में लाया जाता है
